अखिल भारतवर्षीय मारवाड़ी सम्मलेन , कोलकाता के नाम से सन १८३५ में एक संस्था मारवाड़ी समाज के चिन्तनशील महानुभावों द्वारा गठित कर इसका कोलकाता में सोसाइटीज एक्ट के अंतर्गत रजिस्ट्रेशन कराया गया और पूरे भारतवर्ष में मारवाड़ी समाज को संगठित और एकजुट करने के उद्देश्य से देश के अनेक प्रान्तों में इसकी प्रांतीय इकाई का गठन किया गया।